आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला महायज्ञ: गंगा तट पर राष्ट्रहित में भव्य आयोजन
गंगा की पावन धरती पर राष्ट्रहित में महायज्ञ, आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला के आयोजन को विधायक दीपक पटेल ने बताया सौभाग्य का विषय
प्रयागराज।
आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला महायज्ञ गंगा की पावन धरती प्रयागराज में राष्ट्र एवं समाज के हित को ध्यान में रखते हुए आयोजित किया गया। जिस भूमि पर प्रतिवर्ष लाखों-करोड़ों श्रद्धालु आस्था की डुबकी लगाने आते हैं, उसी दिव्य स्थल पर यह भव्य आयोजन सनातन संस्कृति की शक्ति और राष्ट्र चेतना का प्रतीक बना।

इस महायज्ञ का आयोजन आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला ज्योतिषाचार्य द्वारा उनके आश्रम परिसर में किया गया, जिसमें संत-महात्माओं, समाजसेवियों और आम श्रद्धालुओं की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। वैदिक मंत्रोच्चार और यज्ञ की अग्नि के बीच पूरे वातावरण में आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार हुआ।
कार्यक्रम में विधान परिषद सभापति माननीय सुरेंद्र चौधरी की गरिमामयी उपस्थिति भी रही। उन्होंने महायज्ञ को सनातन संस्कृति की जीवंत परंपरा बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज को सकारात्मक दिशा मिलती है और राष्ट्र की सांस्कृतिक चेतना और अधिक मजबूत होती है।
इस अवसर पर फूलपुर विधायक दीपक पटेल ने मीडिया को बताया कि गंगा की पावन धरती पर इस प्रकार का आयोजन होना हम सभी के लिए बड़े सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला द्वारा किया गया यह महायज्ञ केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि राष्ट्रहित और मानवता के कल्याण का संदेश है। कार्यक्रम में विधान परिषद सभापति माननीय सुरेंद्र चौधरी की गरिमामयी उपस्थिति भी रही। उन्होंने महायज्ञ को सनातन संस्कृति की जीवंत परंपरा बताते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज को सकारात्मक दिशा मिलती है और राष्ट्र की सांस्कृतिक चेतना और अधिक मजबूत होती है।
विधायक दीपक पटेल ने आगे कहा कि जब-जब देश और समाज पर संकट आया है, तब-तब सनातन संस्कृति ने “वसुधैव कुटुंबकम्” के भाव के साथ पूरे विश्व के कल्याण के लिए कार्य किया है। उन्होंने बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार को लेकर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि सनातन समाज हमेशा पीड़ितों के साथ खड़ा रहा है और आगे भी हर स्तर पर आवाज उठाता रहेगा।
उन्होंने कहा कि आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला महायज्ञ जैसे आयोजनों से समाज को एकजुट होने की प्रेरणा मिलती है और राष्ट्र की सांस्कृतिक चेतना मजबूत होती है। यज्ञ के माध्यम से विश्व शांति, राष्ट्र की सुरक्षा और मानवता के संरक्षण की कामना की गई।
महायज्ञ में उपस्थित श्रद्धालुओं ने इसे आध्यात्मिक ऊर्जा से भरपूर बताया और कहा कि ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और मूल्यों से जोड़ने का कार्य करते हैं। गंगा तट पर मंत्रों की गूंज और यज्ञ की अग्नि ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया।
यह आयोजन एक स्पष्ट संदेश देता है कि सनातन संस्कृति केवल परंपरा नहीं, बल्कि राष्ट्र और समाज को दिशा देने वाली शक्ति है। आचार्य हरि कृष्णा शुक्ला महायज्ञ इसी सांस्कृतिक चेतना का जीवंत उदाहरण है।
लेटेस्ट और विश्वसनीय खबरें सबसे पहले पाने के लिए Updarshan.online से जुड़े रहें।
वेबसाइट की नोटिफिकेशन को Allow करें, ताकि हर जरूरी अपडेट आप तक तुरंत पहुंचे।
🌐 https://updarshan.online
📧 help@updarshan.online


Pingback: माघ मेला फ्री दातून सेवा: सेवा भाव या सोशल मीडिया स्टंट?
Slot uy tín Một số trò chơi nổi bật tại nhà cái được cập nhật phải kể đến như Pubg, liên minh huyền thoại, CS:GO, FIFA, DOTA 2,….Mỗi trận đấu luôn được các chuyên gia nhà cái phân tích và đưa ra để anh em có cơ hội vào những kèo cược ngon, nâng cao cơ hội chiến thắng. TONY06-13